Thursday, November 22, 2018

सुप्रीम कोर्ट ने पूछा- क्या समानांतर व्यवस्था चल रही है?

यूनीटेक कंपनी के एमडी संजय चंद्रा और उनके भाई अजय को तिहाड़ जेल में लग्जरी सुविधाएं मिलने की रिपोर्ट पर सुप्रीम कोर्ट ने नाराजगी जताई। अदालत ने गुरुवार को सवाल किया कि क्या जेल में समानांतर व्यवस्था चल रही है? पिछले हफ्ते हाईकोर्ट के सेशन जज की रिपोर्ट में  कहा गया था कि संजय और अजय को जेल में टीवी, कंप्यूटर, अलग ऑफिस और दूसरी सुविधाएं मिल रही हैं। ग्राहकों से धोखाधड़ी के आरोप में संजय चंद्रा एक साल से जेल में हैं।

जज ने 4 सितंबर को तिहाड़ जेल का निरीक्षण किया था
एडिशनल सेशन जज रमेश कुमार-2 ने 4 सितंबर को तिहाड़ जेल का निरीक्षण किया था। उस दौरान संजय और अजय की बैरक में एलईडी टीवी, नारियल पानी, मिनरल वॉटर, बैडमिंटन रैकेट और दूसरी प्रतिबंधित वस्तुएं मिली थीं। जज ने हाईकोर्ट में इसकी जानकारी दी थी।

रिपोर्ट में कहा गया था कि तिहाड़ जेल के हालात देखकर लगता है कि वहां भ्रष्टाचार फैला हुआ है। उन्होंने डीजी (जेल) और दूसरे अधिकारियों के स्तर पर पद का दुरुपयोग करने की आशंका जताई। ऐसी शिकायतें मिली थीं कि चंद्रा जैसे कई हाई प्रोफाइल कैदी तिहाड़ जेल में मजे की जिंदगी जी रहे हैं।

चंद्रा ब्रदर्स को जेल में अलग ऑफिस मिला: रिपोर्ट
रिपोर्ट के मुताबिक चंद्रा ब्रदर्स को अलग से ऑफिस भी मिला हुआ था। जिसमें इंटरनेट और प्रिंटर की सुविधा के साथ कंप्यूटर था। मौके पर मिनरल वॉटर और खाने-पीने की वस्तुएं भी मिलीं। चंद्रा ब्रदर्स का कहना था कि उन्होंने एक्वाफिना कंपनी का मिनरल वॉटर जेल की कैंटीन से खरीदा। जबकि, जेल का निरीक्षण करने वाले जज के मुताबिक वहां सिर्फ बिसलेरी का पानी बेचा जाता है।

तिहाड़ के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर की सिफारिश
जेल का निरीक्षण करने वाले न्यायिक अधिकारी ने डीजी (जेल) और तिहाड़ के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की सिफारिश भी की। उनका कहना था कि ऐसे मामलों की वजह से जनता राजकोष पर भार बढ़ता है।

पिछले शुक्रवार को दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस राजेंद्र मेनन और जस्टिस वी के राव ने दिल्ली सरकार, डीजी (जेल) और तिहाड़ के वरिष्ठ अधिकारियों को नोटिस भी जारी किया था। उनसे 1 फरवरी 2019 तक जवाब मांगा गया है।

No comments:

Post a Comment